Select Date:

ये तीन कारण... इसलिए भारतीय बाजार से भाग रहे हैं FII, क्या STT पर यू-टर्न लेगी सरकार?

Updated on 28-05-2026 01:24 PM
भारतीय शेयर बाजार का माहौल खराब है, पिछले करीब 20 महीने से बाजार एक दायरे में कारोबार कर रहा है. इस बीच अब निवेशकों का धैर्य जवाब दे रहा है, आखिर कब तक इंतजार करें. फिलहाल भारतीय भारत में दबाव का सबसे बड़ा कारण विदेशी निवेशकों की बिकवाली है. पिछले कुछ महीनों से  विदेशी संस्थागत निवेशकों की ताबड़तोड बिकवाली से बाजार बिल्कुल संभल नहीं पा रहा है. 

अब सवाल उठता है कि विदेशी निवेशक भारतीय बाजार से अपना पैसा निकालकर दूसरे बाजारों में क्यों ले जा रहे ? विदेशी निवेशकों ने साल 2025 में 1.60 लाख करोड़ रुपये और इस साल अभी तक 2.20 लाख करोड़ रुपये भारतीय बाजार से निकाल चुके हैं. इनके भारतीय बाजार से मोहभंग के क्या कारण हैं और क्या इन्हें रोका जा सकता है? फिलहाल FII के भारतीय बाजार से भागने के पीछे मुख्यतौर पर 3 कारण हैं.

1. रुपया कमजोर होने से FII को  नुकसान
विदेशी निवेशकों के लिए सिर्फ यह मायने नहीं रखता कि भारतीय शेयर कितना दौड़ रहा है, बल्कि यह भी मायने रखता है कि डॉलर के मुकाबले रुपया कैसा प्रदर्शन कर रहा है. रुपया कमजोर होने से FII का मुनाफा कम हो जाता है.

2. ट्रेडिंग कॉस्ट से FII परेशान 
इसी साल बजट में केंद्र सरकार की ओर से फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (F&O) और शेयरों की खरीद-बिक्री पर STT (Securities Transaction Tax) में बढ़ोतरी की गई, उससे FII के मुनाफे पर सीधा असर पड़ा है. यानी ट्रेडिंग कॉस्ट बढ़ गया है. FII पूरी दुनिया के बाजारों में पैसा लगाते हैं. वे देखते हैं कि किस देश में निवेश करने की लागत कितनी है. भारत में टैक्स बढ़ने से यहां ट्रेडिंग करना दुनिया के कई अन्य इमर्जिंग मार्केट्स के मुकाबले काफी महंगा हो गया है. 

बढ़े हुए टैक्स ने निवेशकों के सेंटीमेंट को बिगाड़ दिया है. जब बड़े फंड्स को लगता है कि उनके मुनाफे का एक बड़ा हिस्सा टैक्स के रूप में चला जाएगा, तो वे अपने फंड को ऐसे बाजारों में शिफ्ट कर देते हैं l

3.भारतीय कंपनियों की अर्निंग पर दबाव
बाजार की रिकॉर्ड तेजी को सही ठहराने के लिए कंपनियों का मुनाफा भी उसी रफ्तार से बढ़ना चाहिए. लेकिन पिछली कुछ तिमाहियों के नतीजे इस उम्मीद पर खरे नहीं उतरे हैं. खासकर भारतीय आईटी सेक्टर दबाव में है, वैसे तो दुनियाभर में टेक कंपनियां AI की वजह से परेशान दिख रही है. शहर मांग में सुस्ती, बढ़ती इनपुट कॉस्ट और मार्जिन पर दबाव के कारण कंपनियों के नतीजे ठंडे रहे हैं. फिर FII ऐसी कंपनियों पर दांव लगाने से हिचक रहे है.

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 28 May 2026
भारतीय शेयर बाजार का माहौल खराब है, पिछले करीब 20 महीने से बाजार एक दायरे में कारोबार कर रहा है. इस बीच अब निवेशकों का धैर्य जवाब दे रहा है,…
 28 May 2026
भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने संगठन में बड़े बदलाव शुरू कर दिए हैं. बीजेपी ने राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली समेत चार राज्यों में प्रदेश अध्यक्ष बदल दिए है. केंद्र शासित प्रदेश दिल्ली…
 27 May 2026
आज का शासन अंग्रेजों जैसा त्रासदायी-भूपेंद्र सिंह मोहासासागर 27 मई2026जिला कांग्रेस कमेटी सागर ग्रामीण कार्यालय पद्माकर नगर मकरोनिया में प्रथम प्रधानमंत्री स्वर्गीय जवाहरलाल नेहरू की 62वीं पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि…
 27 May 2026
सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार स्पेशल इंटेंसिव रिविजन यानी एसआईआर को वैध ठहराया है. सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यह चुनाव आयोग की ओर से स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के संवैधानिक…
 25 May 2026
सुनील शर्माउरई। अखिल विश्व गायत्री परिवार जनपद जालौन द्वारा गायत्री शक्तिपीठ उरई में आयोजित चार दिवसीय “नौ कुण्डीय गायत्री महायज्ञ, युग संगीत एवं प्रज्ञा प्रवचन” कार्यक्रम के अंतर्गत सोमवार को…
 25 May 2026
कार्यशालाओं से मंचीय प्रस्तुतियों तक कलाकारों ने बिखेरा कला का रंग, दर्शक हुए मंत्रमुग्धभोपाल। मदद फाउंडेशन द्वारा संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार के मार्गदर्शन में कोलार रोड स्थित जेके अस्पताल के…
 24 May 2026
ईरान और अमेरिका के बीच महीनों से जारी तनाव के बीच अब संभावित पीस डील की रूपरेखा सामने आने लगी है. ईरान की अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी फार्स न्यूज ने दावा…
 24 May 2026
राजस्थान की उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी की बेटी जयपुर की राजकुमारी गौरवी कुमारी का हर अंदाज लोगों को पसंद आता है. मेट गाला 2026 में अपनी नानी की साड़ी में ग्लैमरस…
 24 May 2026
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान के साथ समझौता ''काफ़ी हद तक तय" हो चुका है. इसका ब्योरा जल्द बताया जाएगा.उन्होंने शनिवार को कहा कि इस समझौते…
Advt.