पाकिस्तानी टैंकर ने रचा इतिहास, होर्मुज स्ट्रेट को दो बार किया पार, ईरान और अमेरिका दोनों ने किया 'सलाम'
Updated on
17-04-2026 05:28 PM
पाकिस्तान के झंडे वाले एक टैंकर शालमार ने होर्मुज स्ट्रेट को पार किया है। डोनाल्ड ट्रंप के होर्मुज और ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी के बाद यानी बीते पांच दिनों में यह पहला ज्ञात क्रूड कैरियर (कच्चा तेल वाहक) है, जिसने इस महत्वपूर्ण समुद्री रूट को जाने और आने के लिए पार किया है। अमेरिकी नेवी ने सोमवार से होर्मुज जलडमरूमध्य की नाकेबंदी कर रखी है। ऐसे में इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग से जहाजों की आवाजाही तकरीबन बंद हो गई है।
मरीन ट्रैफिक के जहाज-ट्रैकिंग डाटा से पता चलता है कि शालमार गुरुवार देर रात ओमान की खाड़ी में रवाना हुआ है। उसने यूएई से 450,000 बैरल कच्चा तेल लोड किया है और यह जहाज पाकिस्तान के कराची पोर्ट पर आ रहा है। इस जहाज ने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से कराची आने के लिए होर्मुज स्ट्रेट का रूट लिया है।
होर्मुज स्ट्रेट में जोखिम बढ़ा
अमेरिकी नाकेबंदी लागू होने के बाद शालमार होर्मुज के रास्ते खाड़ी से निकलने वाला पहला कच्चा तेल से भरा टैंकर है। यह तब हुआ है, जब इस क्षेत्र में जहाजों के लिए जोखिम बढ़ गया है। 28 फरवरी को ईरान पर अमेरिकी-इजरायली हमले शुरू होने के बाद से इस जलडमरूमध्य से आवाजाही बहुत कम रही है। अमेरिकी नाकेबंदी ने इसे और कम कर दिया है।
अमेरिकी नेवी के ताजा प्रतिबंधों के तहत जहाज मालिकों को खाड़ी से तेल और दूसरे सामान दुनिया के बाकी हिस्सों में ले जाने के लिए ईरानी और अमेरिकी, दोनों देशों के सैन्य अधिकारियों से मंजूरी की जरूरत पड़ रही है। इससे माल की आवाजाही को लेकर अनिश्चितता काफी ज्यादा बढ़ गई है। पिछले सात हफ्तों में इस जलमार्ग से बहुत कम माल गुजरा है।
ईरान से जुड़े जहाजों पर अमेरिका की सख्ती
अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने गुरुवार को बताया है कि पिछले तीन दिनों में 14 जहाज वापस लौटे हैं। इससे पता चलता है कि जहाज मालिक इस जलडमरूमध्य से गुजरने का जोखिम उठाने से बच रहे हैं। यह नाकेबंदी ओमान के तट पर रास अल हद्द के पास से लेकर ईरान-पाकिस्तान सीमा तक फैली हुई है।
अमेरिकी सरकार नेईरान के बंदरगाहों की नाकाबंदी से आगे बढ़ते हुए अपनी सेनाओं को किसी भी ऐसे जहाज को रोकने की अनुमति दे दी है, जो ईरान से जुड़ा हो या फिर उस पर ईरान सरकार को मदद पहुंचाने वाले हथियार, तेल, धातु या इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जैसी सामग्री ले जाने का संदेह हो।
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